कार्यक्रम के अंत में जनसभा को करेंगे संबोधित
अयोध्या, संवाददाता: उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ शुक्रवार को अयोध्या के दौरे पर हैं। राम मंदिर में दान चोरी की हालिया घटना के बाद एक महीने से भी कम समय में यह उनका दूसरा अयोध्या दौरा है। इससे पहले वह 19 जून को अयोध्या आए थे। निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार मुख्यमंत्री जिला मुख्यालय से लगभग 20 किलोमीटर दूर विकासखंड सोहावल पहुंचे, जहां उन्होंने बीकापुर विधानसभा क्षेत्र के विधायक अमित सिंह चौहान के दिवंगत पिता मुन्ना सिंह चौहान की प्रतिमा का अनावरण किया।
इसके बाद मुख्यमंत्री कुल ₹432 करोड़ 70 लाख 9 हजार की लागत वाली 217 विकास परियोजनाओं का शिलान्यास और लोकार्पण करेंगे। कार्यक्रम के अंत में वह एक जनसभा को संबोधित करेंगे और दोपहर 12 बजे बस्ती के लिए रवाना होंगे।
131 परियोजनाओं का होगा शिलान्यास
मुख्यमंत्री ₹269 करोड़ 39 लाख 22 हजार की लागत वाली 131 नई विकास परियोजनाओं का शिलान्यास करेंगे। इनमें प्रमुख परियोजनाएं हैं—
- बीकापुर तहसील के मऊ में वृहद गो संरक्षण केंद्र का निर्माण।
- नगर पंचायत बीकापुर एवं नगर पंचायत सुचितागंज (खिरौनी) में पेयजल एवं गृह संयोजन योजना।
- विकासखंड सोहावल के ग्राम सुरवारी और विकासखंड तारून के ग्राम रामपुर प्रताप में सामुदायिक केंद्र भवनों का निर्माण।
- कम्पोजिट विद्यालय अर्थर (सोहावल) का उच्चीकरण एवं आधुनिकीकरण।
- राजकीय महिला पॉलिटेक्निक एवं राजकीय पॉलिटेक्निक अयोध्या में सेंटर ऑफ एक्सीलेंस की स्थापना से संबंधित निर्माण कार्य।
86 परियोजनाओं का होगा लोकार्पण
मुख्यमंत्री ₹163 करोड़ 30 लाख 87 हजार की लागत से तैयार 86 विकास परियोजनाओं का लोकार्पण भी करेंगे। इनमें सड़क, पुल-पुलिया, जल निकासी, बिजली व्यवस्था और स्वास्थ्य सेवाओं से जुड़े विकास कार्य शामिल हैं। प्रमुख लोकार्पित परियोजनाएं—
- जनपदीय ड्राइवर हाउस एवं राजकीय महाविद्यालय का निर्माण।
- राजकीय आश्रम पद्धति विद्यालय, बरवा (मसौधा) में ट्रांजिट हॉस्टल।
- अयोध्या-सुल्तानपुर मार्ग पर गेट कॉम्प्लेक्स का निर्माण।
- नगर पंचायत खिरौनी सुचितागंज, सोहावल में पर्यटन विकास कार्य।
- ग्राम अवनपुर सरोहा (मसौधा) में ग्रामीण पर्यटन थीमेटिक गेट एवं पर्यटन सुविधा केंद्र।
- राजकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान (आईटीआई) सोहावल में आधुनिक कार्यशाला एवं प्रशिक्षण केंद्र का निर्माण।
मुख्यमंत्री का यह दौरा अयोध्या और आसपास के क्षेत्रों में आधारभूत ढांचे, शिक्षा, पेयजल, पर्यटन और ग्रामीण विकास से जुड़ी परियोजनाओं को गति देने के उद्देश्य से महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
























