कुछ लोगों के अभी भी अंदर फंसे होने की आशंका
लखनऊ, संवाददाता : राजधानी लखनऊ के अलीगंज इलाके से एक बड़ी और चिंताजनक खबर सामने आई है। अलीगंज स्थित एक कोचिंग सेंटर में सोमवार दोपहर भीषण आग लग गई, जिससे इलाके में अफरा-तफरी मच गई। आग इतनी भयावह थी कि कई छात्र इमारत के अंदर फंस गए। जान बचाने के लिए कुछ छात्रों को इमारत की ऊपरी मंजिलों से छलांग लगाते हुए भी देखा गया। घटना के वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहे हैं।
जानकारी के अनुसार, आग अलीगंज थाना क्षेत्र के उषा मेहता मार्ग स्थित एक तीन मंजिला व्यावसायिक भवन में लगी, जहां कोचिंग सेंटर और अन्य शैक्षणिक गतिविधियां संचालित होती हैं। घटना की सूचना मिलते ही दमकल विभाग की कई गाड़ियां मौके पर पहुंच गईं और राहत एवं बचाव कार्य शुरू कर दिया गया। फायर विभाग के अधिकारियों ने बताया कि दोपहर करीब 3 बजे आग लगने की सूचना मिली थी। आग पर काबू पाने के लिए हाइड्रोलिक प्लेटफॉर्म वाहन सहित 14 फायर टेंडरों को लगाया गया है। अधिकारियों के अनुसार, प्रारंभिक जानकारी में 10 से 12 लोगों के इमारत के अंदर फंसे होने की आशंका जताई गई थी।
चश्मदीदों ने बताई भयावह स्थिति
प्रत्यक्षदर्शी अमन ने बताया कि भवन में लाइब्रेरी और कंप्यूटर कोर्स संस्थान भी संचालित होता है। उन्होंने कहा, “जब हम मौके पर पहुंचे तो इमारत से घना धुआं निकल रहा था। हमने 5-6 लोगों को बाहर निकाला। एक व्यक्ति आग से बचने के लिए ऊपर से कूद गया, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गया। आशंका है कि कुछ लोग अभी भी अंदर फंसे हुए हैं।”
बचाव कार्य के लिए तोड़ी गई दीवार
उत्तर प्रदेश के उपमुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक ने घटनास्थल का निरीक्षण करने के बाद बताया कि फायर ब्रिगेड कर्मियों ने इमारत के अंदर पहुंचने के लिए पहली मंजिल की एक दीवार तोड़ी है। उन्होंने कहा कि इमारत में अत्यधिक धुआं होने के कारण हर कमरे की सावधानीपूर्वक तलाशी ली जा रही है। प्रशासन की प्राथमिकता सभी छात्रों और कर्मचारियों को सुरक्षित बाहर निकालना है। उन्होंने बताया कि मौके पर एम्बुलेंस, डॉक्टरों और मेडिकल टीमों को तैनात किया गया है, ताकि जरूरत पड़ने पर तत्काल उपचार उपलब्ध कराया जा सके।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने लिया संज्ञान
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने घटना का तत्काल संज्ञान लेते हुए अधिकारियों को मौके पर पहुंचकर राहत एवं बचाव कार्य में तेजी लाने के निर्देश दिए हैं। मुख्यमंत्री ने घायलों को बेहतर चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराने और राहत कार्यों की लगातार निगरानी करने के आदेश दिए हैं। मुख्यमंत्री ने घटना में जान गंवाने वालों के परिजनों के प्रति गहरी संवेदना व्यक्त की है तथा घायलों के शीघ्र स्वस्थ होने की कामना की है। फिलहाल दमकल विभाग और प्रशासन की टीमें मौके पर मौजूद हैं और आग पर पूरी तरह काबू पाने तथा फंसे लोगों को सुरक्षित निकालने के प्रयास जारी हैं।






















