डिलीवरी बॉय ने साहस दिखाकर बचाई जान
कानपुर, संवाददाता : कानपुर के चकेरी थाना क्षेत्र के अंतर्गत फ्रेंड्स कॉलोनी में शनिवार शाम को आवारापन और लापरवाही का एक बेहद खौफनाक मंजर देखने को मिला। यहाँ तीन रॉटविलर नस्ल के खूंखार कुत्तों ने अपने ही घर में मौजूद 55 वर्षीय महिला गीता पर अचानक जानलेवा हमला कर दिया। कुत्तों ने महिला को इस कदर बेरहमी से नोचा कि उनके शरीर पर 13 गहरे घाव आए हैं। डॉक्टरों ने इसे ‘ग्रेड-3 डॉग बाइट’ (सबसे गंभीर श्रेणी) का मामला बताया है। फिलहाल महिला की हालत बेहद चिंताजनक बनी हुई है और वे हैलट अस्पताल में जिंदगी की जंग लड़ रही हैं।
घर से सड़क तक पीछा कर किया लहूलुहान
स्थानीय प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, घटना शनिवार शाम करीब 6:30 बजे की है। पीड़िता गीता अपने घर के भीतर थीं, तभी पड़ोस के तीन रॉटविलर कुत्ते अचानक उनके घर में घुस गए और उन पर टूट पड़े। जान बचाने के लिए लहूलुहान महिला घर से बाहर सड़क की तरफ भागीं, लेकिन आक्रामक कुत्तों ने उनका पीछा नहीं छोड़ा। कुत्तों ने महिला को सड़क पर पटक दिया और करीब 10 मिनट तक उन्हें बेरहमी से नोचते रहे। “कुत्तों का हमला इतना भयावह था कि चीख-पुकार सुनकर दौड़े स्थानीय लोग भी डर के मारे आगे बढ़ने की हिम्मत नहीं जुटा पा रहे थे।” – स्थानीय निवासी
मसीहा बना डिलीवरी बॉय
जब कॉलोनी का कोई भी व्यक्ति आगे आने का साहस नहीं जुटा पा रहा था, तभी वहाँ से गुजर रहे एक अज्ञात डिलीवरी बॉय ने अपनी जान जोखिम में डालकर साहस दिखाया। उसने बड़ी मुश्किल से कुत्तों को खदेड़ा और महिला को उनके चंगुल से मुक्त कराया। स्थानीय लोगों का मानना है कि अगर डिलीवरी बॉय दो मिनट भी देर से पहुंचता, तो महिला की जान जा सकती थी।
चर्चा है कि हमला करने वाले तीनों रॉटविलर कुत्ते इलाके के एक रसूखदार कांग्रेस नेता के भाई के हैं। रिहायशी इलाके में इतनी खतरनाक नस्ल के कुत्तों को बिना किसी सुरक्षा या पट्टे के खुला छोड़ने को लेकर स्थानीय निवासियों में भारी आक्रोश है। लोगों का आरोप है कि मालिकों के राजनीतिक रसूख के कारण ही इलाके में इस तरह की लापरवाही बरती जा रही थी। इस खौफनाक घटना के बाद से पूरी फ्रेंड्स कॉलोनी में दहशत और तनाव का माहौल है। पुलिस की कार्यशैली पर भी सवाल उठ रहे हैं। मामले में जब पुलिस से बात की गई, तो चकेरी पुलिस का कहना है: पुलिस मामले से जुड़े इनपुट जुटा रही है। पीड़ित परिवार की ओर से अब तक कोई लिखित शिकायत (तहरीर) नहीं मिली है। जैसे ही परिवार की तरफ से तहरीर मिलती है, तत्काल मुकदमा दर्ज कर सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।























