मृतक था परिवार का एकमात्र कमाने वाला सदस्य
सीतापुर, संवाददाता : उत्तर प्रदेश के सीतापुर जिला अंतर्गत नगर क्षेत्र के हुसैनगंज में उस वक्त भारी हंगामा खड़ा हो गया, जब पुलिस हिरासत से छूटकर आए चोरी के एक आरोपी युवक की चंद घंटों बाद ही संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। इस घटना के बाद से मृतक के परिवार में कोहराम मचा हुआ है। परिजनों ने पुलिस पर बर्बरता और ‘थर्ड डिग्री’ देने का गंभीर आरोप लगाते हुए उच्च स्तरीय जांच की मांग की है। हालांकि, पुलिस प्रशासन ने हिरासत के दौरान युवक की पिटाई के तमाम आरोपों को सिरे से खारिज कर दिया है।
“अंदरूनी चोटों से तड़प रहा था बेटा” — परिजनों का दावा
मृतक मुन्नीलाल के परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। परिवार का दावा है कि मछरहेटा पुलिस ने मुन्नीलाल को थाने में बुरी तरह टॉर्चर किया था। “जब मुन्नीलाल हिरासत से छूटकर घर आया, तो वह दर्द से तड़प रहा था। उसने हमें बताया था कि थाने में उसके साथ मारपीट की गई है और उसे अंदरूनी चोटें आई हैं। कुछ ही देर बाद उसने दम तोड़ दिया।” – पीड़ित परिवार
परिवार पर टूटा दुखों का पहाड़
मुन्नीलाल की मौत ने इस दलित परिवार को गहरे आर्थिक और मानसिक संकट में धकेल दिया है। मुन्नीलाल के पिता का कई वर्ष पहले ही निधन हो चुका था। कुछ महीने पहले ही उसकी मां और भाई की भी मौत हो गई थी। घर में अब केवल उसकी भाभी और अन्य आश्रित सदस्य बचे हैं। मजदूरी करने वाला मुन्नीलाल ही इस परिवार का एकमात्र कमाऊ सदस्य था। उसकी मौत के बाद अब परिवार के सामने जीविकोपार्जन का बड़ा संकट खड़ा हो गया है।
क्या है पूरा मामला
यह विवाद एक चोरी की घटना से जुड़ा हुआ है: जमालपुर गांव के रहने वाले संजय (जो मृतक का रिश्तेदार बताया जा रहा है) के यहाँ चोरी हुई थी। संजय ने मछरहेटा थाने में मुन्नीलाल के खिलाफ नामजद शिकायत दर्ज कराई। शिकायत के आधार पर पुलिस ने मुन्नीलाल को पूछताछ के लिए हिरासत में लिया था। मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए मछरहेटा के थानाध्यक्ष प्रभात कुमार गुप्ता ने पुलिस का पक्ष सामने रखा है। उन्होंने बताया: संजय और मुन्नीलाल आपस में रिश्तेदार हैं। पूछताछ के दौरान मुन्नीलाल ने चोरी की बात से इनकार किया था, लेकिन बदनामी से बचने के लिए रुपये वापस करने की बात कही थी।
इसके बाद चौकी पर्षदा में दोनों पक्षों को बैठाकर आपसी सहमति से समझौता कराया गया था, जिसके बाद मुन्नीलाल अपने परिजनों के साथ सकुशल घर चला गया था। पुलिस द्वारा मुन्नीलाल के साथ किसी भी तरह की प्रताड़ना या मारपीट नहीं की गई है। थानाध्यक्ष के मुताबिक, रविवार को मुन्नीलाल की मृत्यु की सूचना मिलने के बाद पुलिस मुस्तैद है। मृतक के परिजनों ने अब अपने रिश्तेदार संजय पर प्रताड़ना का आरोप लगाते हुए थाने में प्रार्थना पत्र दिया है। पुलिस मामले की गहनता से जांच कर रही है और पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद ही मौत के सही कारणों का पता चल सकेगा।





















