जुर्माना समय पर जमा न कर पाने पर 6 महीने की अतिरिक्त कैद
महराजगंज (उत्तर प्रदेश): उत्तर प्रदेश के महराजगंज जिले से एक बड़ी कानूनी कार्रवाई सामने आई है, जहाँ की एक विशेष अदालत ने नाबालिग लड़की के साथ दुष्कर्म के मामले में आरोपी को दोषी करार देते हुए 20 वर्ष के सश्रम कारावास (कठोर जेल) की सजा सुनाई है। इसके साथ ही अदालत ने दोषी पर आर्थिक जुर्माना भी लगाया है। मामले की जानकारी शुक्रवार को एक स्थानीय अधिवक्ता द्वारा दी गई।
अदालत का फैसला और जुर्माना
अदालत के फैसले की जानकारी देते हुए सहायक जिला सरकारी अधिवक्ता (ADGC) विजय नारायण सिंह ने बताया कि पॉक्सो (POCSO) अधिनियम के विशेष न्यायाधीश विनोद कुमार (पंचम) ने आरोपी मोहम्मद शरीफ को 16 वर्षीय किशोरी के साथ बलात्कार का दोषी पाया। अदालत ने बृहस्पतिवार को अपना फैसला सुनाते हुए शरीफ को निम्नलिखित सजा सुनाई: 20 साल की कठोर जेल (सश्रम कारावास), ₹51,000 का अर्थदंड, सरकारी वकील ने यह भी स्पष्ट किया कि यदि दोषी तय राशि का जुर्माना समय पर जमा नहीं कर पाता है, तो उसे 6 महीने की अतिरिक्त कैद काटनी होगी।
क्या था पूरा मामला
यह सनसनीखेज मामला 1 फरवरी 2023 का है, जो महराजगंज जिले के सोनौली थाना क्षेत्र के अंतर्गत हुआ था। घटना के बाद पीड़िता के पिता ने स्थानीय थाने में तहरीर देकर शिकायत दर्ज कराई थी। पुलिस ने पिता की शिकायत के आधार पर मोहम्मद शरीफ के खिलाफ भारतीय कानून की सुसंगत धाराओं और लैंगिक अपराधों से बालकों का संरक्षण (पॉक्सो) अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज किया था, जिस पर अब अदालत ने सख्त रुख अपनाते हुए यह फैसला सुनाया है।
























