जानिए आपके लिए कौन सा आसन है सबसे उत्तम
नई दिल्ली, संवाददाता : अंतरराष्ट्रीय योग दिवस पूरे विश्व भर में आज, 21 जून 2026 को बेहद उत्साह के साथ मनाया जा रहा है। योग न केवल हमारे शरीर को निरोग रखता है, बल्कि मानसिक शांति और आंतरिक संतुलन भी प्रदान करता है। भारतीय ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, यदि व्यक्ति अपनी राशि के गुणधर्म और तत्वों (अग्नि, पृथ्वी, वायु, जल) के अनुकूल योग और प्राणायाम का चयन करे, तो उसके जीवन में चमत्कारी और सकारात्मक बदलाव देखने को मिल सकते हैं। आइए जानते हैं कि मेष से लेकर मीन राशि तक के जातकों के लिए कौन सा योग सबसे अधिक फलदायी सिद्ध हो सकता है।
राश्यानुसार योग :
मेष और वृश्चिक राशि
इन दोनों राशियों के स्वामी ग्रह साहस और ऊर्जा के प्रतीक ‘मंगल’ हैं। हालांकि, मेष अग्नि तत्व की राशि है और वृश्चिक जल तत्व की।
- मेष राशि के लिए उत्तम: भ्रामरी प्राणायाम और गोमुखासन इनके लिए बेहद शुभ रहता है।
- वृश्चिक राशि के लिए उत्तम: इस राशि के जातकों को सूर्य नमस्कार से विशेष लाभ मिलता है।
- साझा अभ्यास: मेष और वृश्चिक दोनों ही राशि के लोगों को मंडूकासन का नियमित अभ्यास करना चाहिए। इससे इनका पाचन तंत्र सुदृढ़ होता है और मानसिक स्वास्थ्य में सुधार आता है।
वृषभ और तुला राशि
वृषभ और तुला राशि के स्वामी ग्रह सौंदर्य और सुख के कारक ‘शुक्र’ हैं।
- मुख्य अभ्यास: इन दोनों राशियों के जातकों के लिए अनुलोम-विलोम प्राणायाम करना शारीरिक और मानसिक रूप से बेहद शुभ माना जाता है। इसके अतिरिक्त, सेतुबंधासन करने से भी इन दोनों राशियों को बड़ा फायदा मिलता है।
- विशेष: चूंकि वृषभ पृथ्वी तत्व की राशि है, इसलिए स्थिरता और ऊर्जा बढ़ाने के लिए इनके लिए सूर्य नमस्कार करना भी अत्यंत शुभ साबित होता है।
मिथुन और कन्या राशि
इन दोनों राशियों के स्वामी बुद्धि और वाणी के देवता ‘बुध’ हैं। इस राशि के जातकों को अक्सर पाचन और पेट से संबंधी परेशानियों का सामना करना पड़ता है।
- शारीरिक स्वास्थ्य के लिए: इन राशियों के लिए धनुरासन, मंडूकासन और ताड़ासन का अभ्यास सर्वोत्तम माना गया है।
- मानसिक स्वास्थ्य के लिए: मन की चंचलता को नियंत्रित करने और एकाग्रता बढ़ाने के लिए मिथुन और कन्या राशि के जातकों को प्रतिदिन ध्यान (मेडिटेशन) अवश्य करना चाहिए।
कर्क राशि
कर्क राशि चंद्रमा के स्वामित्व वाली संवेदनशील और जल तत्व की राशि है। इस राशि के जातकों का मन बहुत जल्दी विचलित होता है।
- सर्वोत्तम योग: कर्क राशि के जातकों को ‘त्राटक योग’ (किसी बिंदु या मोमबत्ती की लौ पर ध्यान केंद्रित करना) करना चाहिए, जिससे इनके मन की चंचलता दूर होती है। इसके साथ ही शारीरिक संतुलन के लिए वृक्षासन भी इनके लिए अत्यधिक लाभदायक साबित होता है।
सिंह राशि
सिंह राशि सूर्य के स्वामित्व वाली अग्नि तत्व की राशि है, जिसके कारण इन जातकों के भीतर अत्यधिक ऊर्जा देखने को मिलती है। इन्हें आमतौर पर उदर (पेट) से संबंधित विकार परेशान कर सकते हैं।
- सर्वोत्तम योग: अत्यधिक ऊर्जा को संतुलित करने और पेट को स्वस्थ रखने के लिए मंडूकासन, सूर्य नमस्कार और अंत में शरीर को शिथिल करने के लिए शवासन इनके लिए सबसे ज्यादा फायदेमंद साबित होते हैं।
धनु और मीन राशि
धनु और मीन राशियों के स्वामी ग्रह देवताओं के गुरु ‘बृहस्पति’ (जुपीटर) हैं। गुरु के प्रभाव के कारण इन राशियों के लिए योग-ध्यान आध्यात्मिक उन्नति का मार्ग प्रशस्त करता है।
- सर्वोत्तम योग: इन राशियों के जातकों को नौकासन, भुजंगासन, हलासन और नियमित रूप से गहरे ध्यान का अभ्यास करना चाहिए। इस प्रक्रिया से इनके ज्ञान, आत्मबल और बौद्धिक क्षमता में अभूतपूर्व वृद्धि देखने को मिलती है।
मकर और कुंभ राशि
मकर और कुंभ राशि के स्वामी ग्रह न्याय के देवता ‘शनि’ हैं। शनि के प्रभाव के कारण इन दोनों राशियों के जातकों में कभी-कभी अत्यधिक आलस्य या सुस्ती देखने को मिल सकती है।
- सर्वोत्तम योग: आलस्य को दूर भगाने और शरीर में स्फूर्ति लाने के लिए ताड़ासन, भुजंगासन और प्रतिदिन प्राणायाम करना इन दोनों राशियों के जीवन में सुखद बदलाव लाता है। इससे यह जातक दिनभर अधिक सक्रिय और ऊर्जावान बने रहते हैं।
विशेष परामर्श: योग विशेषज्ञ बताते हैं कि अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के इस पावन अवसर पर अपनी राशि के अनुसार आसनों को दिनचर्या में शामिल करके कोई भी व्यक्ति दीर्घायु, उत्तम स्वास्थ्य और मानसिक शांति की प्राप्ति कर सकता है।






















