विश्व हिंदू परिषद ने दोषियों पर कड़ी कार्रवाई की मांग की
लखनऊ/अयोध्या,संवाददाता : राम मंदिर में चढ़ावा चोरी और जमीन खरीद-फरोख्त से जुड़े कथित अनियमितताओं की जांच कर रही विशेष जांच टीम (SIT) ने आम आदमी पार्टी के वरिष्ठ नेता एवं राज्यसभा सांसद संजय सिंह को तलब किया है। SIT ने संजय सिंह से उन आरोपों के संबंध में दस्तावेज और सबूत मांगे हैं, जो उन्होंने अयोध्या में जमीन सौदों और मंदिर के चढ़ावे को लेकर सार्वजनिक रूप से लगाए थे।
संजय सिंह को गुरुवार सुबह 11 बजे लखनऊ स्थित मंडलायुक्त कार्यालय में उपस्थित होकर अपने दावों से जुड़े दस्तावेज सौंपने के लिए बुलाया गया। तलब किए जाने के बाद उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर एक वीडियो संदेश जारी किया। वीडियो में संजय सिंह ने कहा, “प्रभु श्रीराम मंदिर में हुए चढ़ावा और चंदा चोरी की जांच कर रही SIT ने मुझे सुबह 11 बजे लखनऊ मंडलायुक्त कार्यालय बुलाया है। मैंने समय भी मांगा था। मैं जमीन घोटाले से संबंधित सभी दस्तावेज SIT अध्यक्ष को सौंपूंगा।”
अयोध्या का दोबारा दौरा करेगी एसआईटी
सूत्रों के अनुसार, SIT अपनी पहली जांच रिपोर्ट उत्तर प्रदेश सरकार को सौंप चुकी है। अब टीम मामले की आगे की जांच के लिए एक बार फिर अयोध्या जाने की तैयारी कर रही है। सूत्रों के मुताबिक, SIT की अंतरिम रिपोर्ट में चार लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज करने की सिफारिश की गई है। इनमें एक व्यक्ति ऐसा भी बताया जा रहा है, जिसे मंदिर ट्रस्ट के प्रमुख पदाधिकारी चंपत राय का करीबी माना जाता है। रिपोर्ट में बैंक कर्मचारियों के खिलाफ भी कार्रवाई की सिफारिश की गई है। जांच के दौरान पाया गया कि मंदिर में चढ़ावे के संग्रहण और गिनती की प्रक्रिया में कई स्तरों पर अनियमितताएं मौजूद थीं।
रिपोर्ट के प्रमुख बिंदु:
- दानपात्र से चढ़ावा निकालने की प्रक्रिया में गड़बड़ियां।
- चढ़ावे को काउंटिंग सेंटर तक पहुंचाने में अनियमितताएं।
- काउंटिंग सेंटर में धनराशि की गिनती की प्रक्रिया में खामियां।
- मंदिर ट्रस्ट द्वारा निर्धारित SOP (स्टैंडर्ड ऑपरेटिंग प्रोसीजर) का पालन नहीं किया गया।
- रिपोर्ट में बड़े लोगों की भूमिका की ओर संकेत, लेकिन किसी का नाम स्पष्ट रूप से नहीं लिया गया।
SIT का मानना है कि मामले के कई महत्वपूर्ण पहलुओं की जांच अभी बाकी है और आगे की जांच के बाद विस्तृत रिपोर्ट प्रस्तुत की जाएगी।
वीएचप ने की कड़ी कार्रवाई की मांग
इस मामले में विश्व हिंदू परिषद (VHP) ने भी सख्त रुख अपनाया है। VHP के अंतरराष्ट्रीय अध्यक्ष एवं वरिष्ठ अधिवक्ता आलोक कुमार ने मांग की है कि चढ़ावा चोरी के दोषियों के खिलाफ तत्काल एफआईआर दर्ज की जाए और जांच प्रक्रिया को तेजी से पूरा किया जाए। सोशल मीडिया पर जारी बयान में VHP ने मांग की कि मामले की सुनवाई फास्ट ट्रैक कोर्ट में कराई जाए तथा दोषियों को कड़ी से कड़ी सजा सुनिश्चित की जाए।
जांच पर सबकी नजर
राम मंदिर से जुड़े इस संवेदनशील मामले में SIT की आगामी जांच और अंतिम रिपोर्ट पर सभी की नजरें टिकी हैं। यदि आरोप साबित होते हैं, तो यह मामला धार्मिक संस्थानों में वित्तीय पारदर्शिता और जवाबदेही को लेकर एक बड़ा उदाहरण बन सकता है।























