वास्तविक बिजली खरीद लागत घटने का मिला फायदा
लखनऊ, संवाददाता : उत्तर प्रदेश के करोड़ों बिजली उपभोक्ताओं के लिए जुलाई माह राहत लेकर आया है। उत्तर प्रदेश पावर कॉरपोरेशन लिमिटेड (यूपीपीसीएल) ने उत्तर प्रदेश विद्युत नियामक आयोग के निर्देशों के अनुपालन में एफपीपीसीए (ईंधन एवं बिजली खरीद लागत समायोजन) के तहत जुलाई के बिजली बिलों में 4.43 प्रतिशत की राहत लागू कर दी है। इससे प्रदेश के उपभोक्ताओं को कुल 358.31 करोड़ रुपये का लाभ मिलेगा। इसे पिछले 14 महीनों का सबसे बड़ा एफपीपीसीए लाभ माना जा रहा है।
उपभोक्ता परिषद के अनुसार, आयोग द्वारा निर्धारित 4.94 रुपये प्रति यूनिट की तुलना में अप्रैल 2026 में वास्तविक बिजली खरीद लागत 4.78 रुपये प्रति यूनिट रही। इसी आधार पर उपभोक्ताओं को बिजली बिल में राहत दी गई है। परिषद ने इसे एफपीपीसीए प्रक्रिया में पारदर्शिता और नियामक आयोग के सख्त रुख का सकारात्मक परिणाम बताया है।
उपभोक्ता परिषद के अध्यक्ष अवधेश कुमार वर्मा ने कहा कि आयोग ने 23 जून 2026 के आदेश में स्पष्ट किया है कि एफपीपीसीए की गणना केवल संबंधित माह की वास्तविक बिजली खरीद लागत और ट्रांसमिशन शुल्क के आधार पर होगी। उन्होंने इसे उपभोक्ताओं की कानूनी लड़ाई की बड़ी जीत बताते हुए कहा कि परिषद पिछले 14 महीनों में कथित 2,000 करोड़ रुपये की अतिरिक्त वसूली वापस कराने का मामला भी आयोग के समक्ष उठा चुकी है।























